घटना के विरोध में जमकर हुआ विरोध, स्थानीय विधायक पर लगे आरोप

दमोह। जिले में बर्ष 2005 में भीषण बाढ़ के बाद हटा क्षेत्र की सुनार नदी किनारे बसे गांव ढीबर के बाढ़ प्रभावित लोगो को नगर के शास्त्री वार्ड स्थित लालटेक पर बसाया गया था। लेकिन मंगलवार को करीब 20 साल से निवास कर रहे इन लोगो को हटाए जाने व उनके मकान गिराए जाने की कार्यवाही शुरू हो गई। कार्यवाही को देख स्थानीय लोग सड़को पर उतर आए और प्रशासन व स्थानीय विधायक का विरोध शुरू करते हुए हटा बटियागढ़ मार्ग पर चक्काजाम कर दिया । इस दौरान आक्रोशित लोगों ने पोकलेन मशीन के चालक को भी दिया। हैरानी तब हुई जब सामने यह आया कि न तो इस प्रकार की कार्यवाही में न तो कोई शासकीय आदेश जारी हुआ था ना ऐसी कोई कार्यवाही हो रही है

निजी रूप से गिराने लगे मकान
कार्यवाही और विरोध की जानकारी पर जब थाना प्रभारी सुधीर बेगी सहित तहसीलदार आलोक जैन मौके पर पहुंचे तो उनके द्वारा ऐसी किसी कार्यवाही के संबंध में अनभिज्ञता दर्शायी गई।लोगो को समझाइस देते हुए लोगो को जानकारी दी गई कि रेस्ट हाउस निर्माण के लिए अतिक्रमण धारियों के लिए धारा 248 के नोटिस तीन चार माह पूर्व जारी कर अतिक्रमण हटाया गया था लेकिन इस प्रकार की कार्रवाही के लिए प्रशासन स्तर पर कोई नोटिस जारी नहीं किए गए थे। जानकारी यह सामने आ रही है कि हटा विधायक से जुड़े एक व्यक्ति द्वारा रोड बनाए जाने का कार्य कराया जा रहा था। कार्यवाही के दौरान पुलिस प्रशासन ने पोकलेन मशीन को जप्त किया है। क्योंकि न तो उनके पास कोई नगरपालिका से अनुमति है और न आरईएस विभाग से रोड बनाए जाने संबंधी आदेश है जिस को लेकर कार्य पर रोक लगाई गई है। पुलिस प्रशासन की समझाइस इसके बाद करीब 3 घंटे तक चले विरोध प्रदर्शन और चक्का जाम को समाप्त कराया गया।
